Mahashivratri 2026: शिवलिंग पर भूलकर भी न चढ़ाएं ये 3 चीजें, वरना नाराज हो जाएंगे महादेव! जानें पूजा की सही विधि
15 फरवरी 2026 को महाशिवरात्रि (Mahashivratri 2026) का महापर्व मनाया जाएगा। यह दिन देवाधिदेव महादेव को प्रसन्न करने के लिए साल का सबसे बड़ा दिन होता है। भक्त अपनी श्रद्धा के अनुसार शिवलिंग पर दूध, जल, और बेलपत्र चढ़ाते हैं।

कहा जाता है कि भगवान शिव बहुत भोले हैं और मात्र एक लोटा जल से भी प्रसन्न हो जाते हैं। लेकिन, शास्त्रों में कुछ ऐसी वर्जित वस्तुओं (Forbidden Items) का जिक्र है, जिन्हें अगर शिवलिंग पर चढ़ा दिया जाए, तो पूजा का फल तो नहीं मिलता, उल्टा महादेव क्रोधित हो सकते हैं।
अगर आप इस महाशिवरात्रि व्रत रख रहे हैं, तो पूजा की थाली में ये 3 चीजें भूलकर भी न रखें।
1. हल्दी
हिंदू धर्म में लगभग हर पूजा में हल्दी का इस्तेमाल शुभ माना जाता है, लेकिन शिवलिंग पर हल्दी चढ़ाना सख्त मना है।
- वजह: शास्त्रों के अनुसार, शिवलिंग ‘पुरुष तत्व’ का प्रतीक है और हल्दी एक सौंदर्य प्रसाधन (Cosmetic) मानी जाती है जिसका संबंध स्त्रियोचित गुणों से है। इसलिए महादेव को हल्दी नहीं, बल्कि भस्म और चंदन प्रिय है। (हाँ, आप माता पार्वती की प्रतिमा पर हल्दी चढ़ा सकते हैं)।
2. तुलसी का पत्ता
भगवान विष्णु को तुलसी के बिना भोग नहीं लगता, लेकिन शिव पूजा में इसका प्रयोग वर्जित है।
- वजह: पौराणिक कथाओं के अनुसार, जालंधर नाम के असुर की पत्नी वृंदा (तुलसी) के श्राप और भगवान विष्णु की पत्नी होने के कारण, तुलसी को भगवान शिव के मस्तक या शिवलिंग पर चढ़ाना मना है। इसके बजाय आप बेलपत्र या शमी पत्र चढ़ाएं।
3. केतकी का फूल
सफेद फूल शिवजी को पसंद हैं, लेकिन ‘केतकी’ का फूल भूलकर भी न चढ़ाएं।
- वजह: शिव पुराण के अनुसार, केतकी के फूल ने ब्रह्मा जी के साथ मिलकर भगवान शिव से झूठ बोला था। इस झूठ से नाराज होकर महादेव ने केतकी के फूल को श्राप दिया था कि मेरी पूजा में तुम्हारा उपयोग कभी नहीं किया जाएगा।
पूजा की सही विधि: महादेव को कैसे खुश करें?
महाशिवरात्रि (15 फरवरी 2026) पर इन चीजों से अभिषेक करने पर तुरंत फल मिलता है:
- पंचामृत अभिषेक: दूध, दही, घी, शहद और शक्कर मिलाकर शिवलिंग का अभिषेक करें।
- बेलपत्र: 3 पत्तों वाला बेलपत्र (कटा-फटा न हो) चिकनी तरफ से शिवलिंग पर स्पर्श कराते हुए चढ़ाएं।
- धतूरा और भस्म: यह शिवजी को अत्यंत प्रिय हैं।
- मंत्र: पूजा करते समय “ॐ नमः शिवाय” का जाप लगातार करते रहें।
पूजा में श्रद्धा जरूरी है, लेकिन नियमों का पालन करना भी उतना ही आवश्यक है। इस महाशिवरात्रि पर इन गलतियों से बचें और महादेव का आशीर्वाद प्राप्त करें।



