शहीद-ए-आजम भगत सिंह की जयंती: डीवाईएफआई ने उजियारपुर में अर्पित की पुष्पांजलि, युवाओं से संगठित होने का आह्वान
उजियारपुर: शहीद-ए-आजम भगत सिंह की जयंती के अवसर पर भारत की जनवादी नौजवान सभा (डीवाईएफआई) की उजियारपुर अंचल कमिटी द्वारा एक विशेष स्मृति एवं पुष्पांजलि कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम की अध्यक्षता उमेश मल्लिक ने की। मौके पर उपस्थित सभी कार्यकर्ताओं और युवाओं ने भगत सिंह के तैलचित्र पर माल्यार्पण एवं पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी।

कार्यक्रम को मुख्य रूप से संबोधित करते हुए डीवाईएफआई के अंचल मंत्री सह राज्य संयुक्त सचिव अशोक पुष्पम ने भगत सिंह के जीवन, उनके संघर्षों और उनके क्रांतिकारी विचारों पर विस्तार से प्रकाश डाला।
उन्होंने वर्तमान परिदृश्य में युवाओं से भगत सिंह के लेखों और उनके विचारों का गहराई से अध्ययन करने की अपील की। इसके साथ ही, उन्होंने शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार जैसे बुनियादी अधिकारों की रक्षा करने तथा चरम पर पहुंच चुकी बेरोजगारी और महंगाई के खिलाफ युवाओं को एकजुट व संगठित होने का जोरदार आह्वान किया।
अपने संबोधन के दौरान अशोक पुष्पम ने भगत सिंह के प्रसिद्ध लेखों- “मैं नास्तिक क्यों हूँ”, “युवक” तथा “विद्यार्थी और राजनीति” का विशेष रूप से उल्लेख किया। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि युवाओं को अंधभक्ति से बचकर इन लेखों को पढ़ना चाहिए, ताकि उनके भीतर तर्क और विवेक की भावना विकसित हो सके, जो एक जागरूक और बेहतर समाज के निर्माण के लिए अति आवश्यक है।
इस श्रद्धांजलि सभा में क्षेत्र के युवाओं ने अपनी सक्रिय भागीदारी दर्ज कराई। कार्यक्रम में मुख्य रूप से अश्विनी कुमार, पवन कुमार, रंजीत कुमार, विनोद कुमार, सुनील कुमार, राजकुमार और अमन कुमार सहित दर्जनों अन्य युवा उपस्थित रहे।



