उजियारपुर: घरों के ऊपर गिरा 11 हजार वोल्ट का चालू तार, मवेशी झुलसा; बाल-बाल बचे लोग, ग्रामीणों में भारी आक्रोश
समस्तीपुर जिले के उजियारपुर प्रखंड अंतर्गत बेलारी पंचायत में गुरुवार की सुबह एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। यमुआरी नदी के किनारे स्थित वार्ड संख्या 10 में अचानक 11 हजार वोल्ट (11 KV) का हाई-टेंशन बिजली का तार टूटकर गिर गया। चालू लाइन में तार के जमीन पर गिरने से उठी तेज चिंगारी और जोरदार आवाज के कारण पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। हालांकि लोग बाल-बाल बच गए, लेकिन इस घटना में एक मवेशी करंट की चपेट में आकर झुलस गया।

चिंगारी और धमाके से दहशत में आए लोग
मिली जानकारी के अनुसार, गुरुवार सुबह जब लोग अपने घरों में थे, तभी अचानक पोल से 11 हजार का तार टूटकर नीचे आ गिरा। लाइन चालू होने की वजह से जैसे ही तार ने जमीन को छुआ, वहां भयंकर चिंगारी और तेज आवाज उठने लगी। इस खौफनाक मंजर को देखकर लोग दहशत में आ गए और जान बचाने के लिए अपने-अपने घरों से बाहर की तरफ भागने लगे। इसी दौरान वहां मौजूद एक मवेशी तार की चपेट में आ गया और बुरी तरह झुलस गया। घटना के तुरंत बाद ग्रामीणों ने इसकी सूचना स्थानीय बिजली मिस्त्री को दी, जिसके बाद बिजली काटी गई और तब जाकर इलाके में फैली अफरा-तफरी शांत हुई।
बिजली विभाग की लापरवाही से हमेशा सताता है मौत का डर
इस घटना के बाद स्थानीय लोगों में बिजली विभाग के प्रति भारी आक्रोश है। ग्रामीणों का आरोप है कि उन्होंने पहले ही विभाग के अधिकारियों को घरों के ऊपर से बिना ‘सेफ्टी नेट’ (सुरक्षा जाली) के हाई-टेंशन तार ले जाने से मना किया था। इसके बावजूद विभाग ने उनकी एक न सुनी और जबरन घरों के ऊपर से तार खींच दिया गया। ग्रामीण हमेशा इसी खौफ के साये में जीते हैं कि न जाने कब यह तार टूट कर उनके ऊपर गिर जाए, और गुरुवार को उनका यही डर हकीकत में बदल गया।
वार्ड सदस्य की चेतावनी: “रूट बदलें, अन्यथा नहीं जुड़ने देंगे तार”
घटना के बाद वार्ड संख्या 10 की वार्ड सदस्य रेनू देवी ने बिजली विभाग के अधिकारियों को सख्त चेतावनी दी है। उन्होंने स्पष्ट किया कि अब ग्रामीण किसी भी कीमत पर अपने घरों के ऊपर से बिजली का तार नहीं जाने देंगे। रेनू देवी ने अपनी नाराजगी जताते हुए कहा, “हमने इस खतरे की जानकारी अपने पंचायत के मुखिया को भी दी थी, लेकिन मुखिया जी ने इस गंभीर मसले पर कोई संज्ञान नहीं लिया। अब हम बिजली विभाग से सख्त अनुरोध कर रहे हैं कि तार को घरों के ऊपर से ले जाने के बजाय कहीं और से ले जाया जाए। अगर ऐसा नहीं हुआ, तो हम लोग तार को दोबारा जुड़ने नहीं देंगे।”
कई घंटों तक बाधित रही बिजली
हादसे के बाद इलाके की बिजली आपूर्ति पूरी तरह से ठप हो गई। इस घटना के संबंध में जब उजियारपुर के जेई (कनीय अभियंता) से बात की गई, तो उन्होंने बताया कि सूचना मिलते ही लाइनमैन को मौके पर भेज दिया गया है और जल्द ही तार को ठीक कर समस्या का समाधान कर दिया जाएगा। हालांकि, तार टूटने के कारण दिन में कई घंटों तक पूरे इलाके को बिना बिजली के रहना पड़ा। स्थानीय लोग अब विभाग से स्थायी और सुरक्षित समाधान की मांग कर रहे हैं।



